
नयनादेवी (बिलासपुर)। श्री नयनादेवी में श्रावण अष्टमी मेले के चलते बंद चल रहे संस्कृत महाविद्यालय नयनादेवी में एससीए चुनाव के चलते छुट्टियां रद कर दी गई है। यहां छात्र संघ चुनावों को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई थी, लेकिन मंगलवार को में नामांकन पत्र दाखिल किए गए। कालेज में इस बार एबीवीपी ने अपना परचम लहराया है। उपाध्यक्ष और सह सचिव पद पर यहां एबीवीपी के उम्मीदवार निर्विरोध विजयी हुए। उनके खिलाफ किसी भी उम्मीदवार ने नामांकन पत्र दाखिल नहीं किया। एबीवीपी से संबंधित धर्मपाल उपप्रधान और सतीश कुमार सह सचिव चुने गए। अब यहां प्रधान पद के लिए एनएसयूआई और एबीवीपी के बीच कांटे की टक्कर है।
नयनादेवी में चल रहे संस्कृत महाविद्यालय में दो सीटें जीतकर एबीवीपी ने एक तरह से मनोवैज्ञानिक बढ़त हासिल कर ली है। अभी प्रधान पद को लेकर मुकाबला होना बाकी है। नामांकन पत्रों की छंटनी के बाद यहां कोई नामांकन रद नहीं हुआ। प्रधान पद के लिए एनएसयूआई के जगदीश शर्मा ओर एबीवीपी के संदीप मिश्रा मैदान में रह गए हैं। 17 अगस्त को होने वाले मतदान में दोनों के भाग्य का फैसला होगा। कालेज में कुल 118 विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। इनमें से 78 छात्र-छात्राओं को मत डालने का अधिकार मिला है। अन्य छात्र कुछ खामियों के चलते मतदान प्रक्रिया में हिस्सा नहीं ले सकेंगे। कालेज प्राचार्य नरोत्तम दत्त शर्मा ने बताया कि कालेज में महासचिव के लिए कोई नामांकन नहीं आया। उपप्रधान और सह सचिव के लिए एक-एक नामांकन आए थे। लिहाजा, दोनों विजेता बने हैं। अब प्रधान और उपप्रधान के लिए दो उम्मीदवार मैदान में हैं।
