
नई दिल्ली: नरेन्द्र मोदी को भाजपा के प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार बनाये जाने से उत्तरप्रदेश में पार्टी को जबर्दस्त फायदा मिलने की अटकलों को सिरे से खारिज करते हुए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष पी एल पुनिया ने कहा कि मोदी के उभरने से भाजपा के भीतर का अंतरद्वन्द्व खुल कर सामने आ गया है और लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ‘नंबर वन’ पार्टी रहेगी। राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग का पुन अध्यक्ष नियुक्त किये जाने के बाद पुनिया ने ‘भाषा’ से बातचीत में कहा, ‘‘मोदी के उभरने से उनकी ही पार्टी के लोग प्रभावित हुए हैं। उनके नेताओं का अंतरद्वन्द्व उभर कर सामने आ गया है। यह उनके (मोदी) बारे में समाज के अंतरद्वन्द्व को प्रदर्शित करता है। उनके उभरने से उत्तरप्रदेश या राष्ट्रीय स्तर पर कोई प्रभाव नहीं पडेगा। नाटकीय ढंग से भाषण देने से वोट नहीं मिलता।’’
उन्होंने कहा, ‘‘सोनिया गांधी के मार्गदर्शन में कांग्रेस ‘नबंर वन’ पार्टी थी और आगे भी ‘नंबर वन’ पार्टी रहेगी।’’ उत्तरप्रदेश की अखिलेश सरकार पर निशाना साधते हुए पुनिया ने कहा, ‘‘उत्तरप्रदेश में अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली सरकार घोषित दलित विरोधी सरकार है। उसने तो हद ही पार कर दी है। वह राज्य में दलितों को उनका संवैधानिक अधिकार नहीं दे रही है।’’ बसपा प्रमुख मायावती को अघोषित दलित विरोधी करार देते हुए उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री यह मानकर चल रही हैं कि दलित उनके साथ हंै और वह दूसरे लोगों को साधने का कोशिश में लगी हुई हैं।
