जिले की ग्राम सभाओं की होगी वीडियोग्राफी

सलूणी (चंबा)। जिले की विभिन्न पंचायतों की ग्राम सभाओं की अब वीडियोग्राफी होगी। ग्राम सभाओं की कार्यवाही का रिकार्ड वीडियो कार्यालय में रखा जाएगा। वीडियोग्राफी का रिकार्ड कई मौके पर अहम भूमिका अदा कर सकता है। इससे ग्रामसभा में जरूरी योजनाएं डालने वाले लोगों की दरकिनार नहीं किया जा सकेगा। सांसद डा. राजन सुशांत व उपायुक्त चंबा संदीप कदम के निर्देशानुसार विभिन्न पंचायतों की ग्रामसभाओं की बैठकों की वीडियोग्राफी की जाएगी। सलूणी दौरे के दौरान सांसद राजन सुशांत ने वीडियो को ये निर्देश दिए। इससे ग्रामीण जो प्रस्ताव ग्रामसभा में डालने की मांग करते हैं, वही प्रस्ताव पंचायत कार्यवाही में होेंगे। गौरतलब है कि पहले ग्रामीण ग्राम सभा में जाते थे और अपने गांव व पंचायत के विकास के लिए ग्राम सभा में योजनाएं डालने की मांग करते थे। स्वीकृत होकर जो योजनाएं या विशेषकर मनरेगा का जो शेल्फ पंचायत में पास होकर आता था, उसमें अधिकतर कार्य पंचायत प्रतिनिधियों के चहेतों के ही स्वीकृत होकर आते थे। इससे ग्रामीणों का ग्राम सभा से विश्वास उठता जा रहा था। लोग ग्राम सभा में नहीं जा रहे थे। कई बार कुछ पंचायत प्रतिनिधियों ने इसकी बीडीओ और उपायुक्त से शिकायत की थी। पंचायत प्रतिनिधियों को आश्वासन के सिवाय कुछ नहीं मिला था। हाल ही में सलूणी दौरे पर आए चंबा-कांगड़ा के सांसद डा. राजन सुशांत कई पंचायत प्रतिनिधियों से मिले थे। लोगों ने पंचायत प्रतिनिधियों के मनमाने रवैये के बारे में सांसद को अवगत करवाया। इस पर सांसद ने कार्रवाई करते हुए बीडीओ सलूणी को निर्देश दिए हैं कि आने वाले समय में ग्राम सभाओं की वीडियोग्राफी करवाई जाए और ग्राम सभा में लोगों द्वारा जो योजनाएं डाली जाती हैं, उन्हीं योजनाओं को स्वीकृति मिले। सांसद ने कहा कि इसमें कोई कर्मचारी, अधिकारी व पंचायत प्रतिनिधि मनमर्जी से योजनाएं डालते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वीडियोग्राफी का रिकार्ड रखने के आदेश दिए गए हैं। मनरेगा के तहत मजदूरों को समय पर वेतन नहीं मिलता है तो जिम्मेवार अधिकारी व कर्मचारी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सांसद का कहना है कि ग्राम सभा की मजबूती और पारदर्शिता के लिए वीडियोग्राफी सही कदम है।

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