
चामुंडा (कांगड़ा)। जिया में चल रहे प्रोजेक्ट प्रबंधन के खिलाफ पंचायत के सदस्य और लोग मुखर हो गए हैं। इनका कहना है कि प्रोजेक्ट का काम अंतिम चरण पर है, लेकिन प्रोजेक्ट प्रबंधन ने जो वायदे गांववासियों से किए थे, उनको आज तक पूरा नहीं किया गया है। इस बाबत एसडीएम और डीएसपी के पास भी लोगों ने शिकायत की थी, लेकिन इसका कोई हल नहीं हुआ। पंचायत सदस्यों ने कंपनी को अपने वायदों को 15 दिन के अंदर पूरा करने का समय दिया था, लेकिन कंपनी ने उन पर कोई अमल नहीं किया है। पंचायत उपप्रधान कमलेश कुमार का कहना है कि कंपनी और पंचायत के बीच शर्तों का एक अनुबंध हुआ था। इसके मुताबिक कंपनी स्थानीय लोगों को 70 प्रतिशत रोजगार मुहैया करवाएगी, जबकि इसमें 70 प्रतिशत बाहर के लोग हैं। कंपनी ने पुराने पुल और गांव को जाने वाले रास्तों को नुकसान पहुंचाया है, जो आज तक ठीक नहीं किया गया है। प्रोजेक्ट का काम अंतिम चरण पर है, लेकिन कंपनी ने नुकसान की कोई भरपाई नहीं की है। पंचायत उपप्रधान और अन्य लोगों का कहना है कि कंपनी ने दो दिन के अंदर उनकी मांगे नहीं मानीं तो लोग प्रोजेक्ट के बाहर धरना देने पर मजबूर होंगे। दूसरी ओर कंपनी प्रबंधन का कहना है कि कंपनी पंचायत से समझौते के मुताबिक ही काम कर रही है। एसडीएम भूपेंद्र अत्री ने कहा कि ग्रामीण उनके पास अनुबंध की प्रतिलिपि मुहैया करवाएं। उसके बाद अगली कार्रवाई होगी। अभी तक उनके पास ऐसी कोई शिकायत नहीं आई है।
