
भरमौर (चंबा)। पवित्र मणिमहेश यात्रा पर प्रशासन ने 15 जुलाई तक प्रतिबंध लगा रखा हो। इसके बावजूद कई श्रद्धालु जान जोखिम में डाल कर मणिमहेश पहुंच रहे हैं। इससे अप्रिय घटना होने का अंदेशा बना हुआ है। इसका कारण यह है कि डल झील पर अभी तक न तो ठहरने की व्यवस्था है और न ही खाने की व्यवस्था है। इसके अलावा सुंदरासी से आगे डल झील तक रास्ता भी खराब है और पत्थर गिरते रहते हैं। वहीं पिछले करीब दो दिन से क्षेत्र में बारिश भी हो रही है। इससे हादसे का डर बना हुआ है। कुछ स्थानीय युवकों व नेपाली युवकों ने धनछो व सुंदरासी के बीच ढाबे खोल रखे हैं। श्रद्धालु इन्हीं ढाबों पर खा पी रहे हैं और ठहर रहे हैं।
गौर रहे कि एडीएम भरमौर लक्ष्मीकांत शर्मा ने 15 जुलाई तक मणिमहेश यात्रा पर प्रतिबंध लगा रखा है। इसके अलावा उन्होंने कहा है कि इस दौरान कोई श्रद्धालु मनमानी कर यात्रा पर निकलता है और अनहोनी हो जाती है तो तो श्रद्धालु स्वयं जिम्मेदार होंगे। इसके बावजूद श्रद्धालु मणिमहेश की ओर जाते देखे जा रहे हैं। यात्रा के दौरान भीड़ ज्यादा होने के कारण कुछ श्रद्धालु आराम से दर्शन करने पहले ही मणिमहेश पहुंचकर दर्शन कर लौट रहे हैं। इन दिनों अमरनाथ यात्रा चली हुई है। इसके चलते कुछ श्रद्धालु वहां से दर्शन करके सीधे मणिमहेश पहुंच जाते हैं। रोजाना 15 से 20 श्रद्धालु डल झील की ओर देखे जा रहे हैं।
