चंपावत नगर में नियोजित विकास की पहल

चंपावत। नगरपालिका क्षेत्र में नए भवन का निर्माण शुरू करने से पहले अब विधिवत नक्शा पास कराना होगा और लोक निर्माण विभाग, राजस्व विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) लेना होगा। नगर में नियोजित विकास के लिए यह कदम उठाया जा रहा है। अब तक भवनों के निर्माण के समय इस तरह की कोई बाध्यता नहीं थी। इसी कारण कुछ मोहल्लों में अव्यवस्था जन्म लेने लगी है।
नगर पालिका परिषद के गठन के बाद जिन कुछ अहम मामलों में कदम उठाए जा रहे हैं उनमें भवन निर्माण के लिए कुछ मानक तय किए गए हैं। लोनिवि की सड़कों के किनारे भवनों का निर्माण हुआ है। कई भवन तो अतिक्रमण के दायरे में आ गए हैं। इसी तरह राजस्व विभाग की अनुमति लेना इसलिए जरूरी किया गया है ताकि सरकारी जमीन पर किसी प्रकार का अतिक्रमण न होने पाए।
पिछले दिनों पालिका अध्यक्ष प्रकाश तिवारी और जिलाधिकारी दीपेंद्र चौधरी के बीच हुई बैठक में तय किया गया कि भवनों के निर्माण से पहले कुछ आवश्यक निर्देशों का पालन कराया जाना जरूरी है। नक्शा पास करने की बाध्यता को इसलिए रखा गया है ताकि भवन निर्माण इसी नक्शे के आधार पर हो। भवन में आधारभूत सुविधाओं को जुटाने में दिक्कत न हो। लोनिवि की सड़क पर किसी प्रकार का अतिक्रमण न हो और सरकारी जमीन पर कब्जे का प्रयास न हो।
पालिका ने इस नियम को सख्ती से लागू कराने का निर्णय लिया है। पालिकाध्यक्ष प्रकाश तिवारी का कहना है कि नगर को नियोजित तरीके से बसाने में आम जनता को सहयोग देना होगा। उन्होंने कहा कि यदि अनियंत्रित तरीके से भवनों का निर्माण हुआ तो आने वाले समय में असुविधा बढ़ जाएगी।

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