
जसपुर। गर्भवती महिला को लात-घूसों से पीटकर गर्भस्थ शिशु को चोट पहुंचाने पर उपचार के दौरान शिशु की गर्भ में ही मौत हो गई। पीड़ित पक्ष के लोगों ने शिशु का शव कोतवाली में रखकर आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की।
बीते मंगलवार 4 जून की शाम को मुहल्ला दिल्ला सिंह निवासी जरीना बेगम पत्नी स्व. शैदा ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि लियाकत उर्फ दारा का घर उसके घर के सामने है। किसी पुराने विवाद के चलते लियाकत उर्फ दारा, उसकी पत्नी, तीन पुत्रियां, पुत्र हसीन, दामाद हसीन ने एकराय होकर उसके घर में घुसकर गर्भवती पुत्रवधू नजरीन बेगम के पेट पर लात-घूसों से प्रहार कर घायल कर दिया, जिसे सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया था। हालत नाजुक होने पर उपचार कर रहे डाक्टर ने उसे एसटीएच हल्द्वानी के लिए रेफर कर दिया था। जहां उपचार के दौरान बुधवार को शिशु की मौत होने और पीड़िता की हालत बिगड़ने पर शिशु के शव को लेकर दर्जनों महिला-पुरुषों ने कोतवाली का घिराव किया। हत्यारों की गिरफ्तारी की मांग की। घिराव करने वालों में डाबर हुसैन, मंगल खां, महबूब खां, मुमताज बेगम, मोहम्मद नासिर, शकील अहमद, महबूब खां, रियासत हुसैन, नाजिम खां, अनवर हुसैन, शहनाज बेगम, सहाना बेगम, शबनम बेगम आदि शामिल थे।
