
गैरसैंण। केदारनाथ हादसे में पज्याणा मल्ला के दो युवकों की मौत से गांव में मातम छाया है। परिजनों ने उनका क्रियाकर्म कर दिया है। ग्रामीणों ने तहसील में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कर प्रशासन से दोनों युवकों को मृत घोषित करने की मांग की है।
केदारनाथ के केदार मिष्ठान एवं भोजननालय में काम करने वाले विशन सिंह (39) पुत्र स्व. घीमन सिंह और मंजीत सिंह (20) पुत्र मान सिंह बीते 17 जून को केदारनाथ में आई प्रलयकारी बाढ़ में बह गए थे। प्रत्यक्षदर्शी सिलपाटा निवासी सुरेंद्र सिंह ने बताया कि कोशिशों के बाद भी विशन, मंजीत सहित अन्य 14 लोगों को नहीं बचाया जा सका।
भाई बालम सिंह, ग्राम प्रधान ज्ञान सिंह ने तहसील में प्राथमिकी दर्ज कराने के बाद उन्हें मृत घोषित करने की मांग की है। सारकोट के सात युवाओं का भी उनके परिजनों ने मृत मानकर श्राद्ध कर दिया है, जबकि परवाड़ी के तीन युवा विनोद पुत्र बलवंत सिंह, दरवान सिंह पुत्र नारायण सिंह और लाल सिंह पुत्र कुंदन सिंह को खोजने गए परिजन भी निराश लौट आए हैं।
पार्वती पर टूटा कहर
गैरसैंण। सारकोट निवासी पार्वती देवी के लिए केदारनाथ की आपदा ससुराल और मायके दोनों परिवारों के लिए कहर बनकर टूटा है। पति कल्याण सिंह के साथ देवर हयात सिंह और भाई विशन सिंह के साथ एक भाई का पुत्र मंजीत सिंह की मौत हो गई। चारों एक ही होटल में काम करते थे। अपने ससुराल और मायके में हुई इस जनहानि से पार्वती बेसुध पड़ी हैं।
