
उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। …तो क्या इस बार लाहौल के किसान लाहौल पोटेटो सोसाइटी (एलपीएस) को बीज आलू की आपूर्ति करेगा? स्थिति असमंजस भरी हो गई। सोसाइटी की ओर से किसानों को भेजे गए रिकवरी लैटर से किसानों में भारी रोष है। किसानों का कहना है कि यह मुद्दा 11 अगस्त को केलांग में होने जा रही लाहौल पोटेटो सोसाइटी की बैठक में उठाया जाएगा।
किसानों का कहना है कि गलत तरीके से रिकवरी लैटर निकालकर लाहौल सोसाइटी ने बेवजह किसानों को दुविधा में डाल दिया है। कई किसानों को एक लाख से ऊपर तक की रिकवरी डाली गई है। किसानों ने एलपीएस प्रबंधन के खिलाफ कोर्ट जाने का ऐलान किया है। किसान देवी राम, भाग चंद, रमेश लाल, विशन दास और दिनेश का कहना है कि वर्ष 2011 में आलू सीजन के ऐन मौके पर एलपीएस प्रबंधन ने किसानों से सोसाइटी को बीज आलू भेजने की पेशकश की थी। पांच सौ रुपये प्रति कट्टा किसानों को देने का ऐलान किया था, लेकिन उचित मार्केटिंग न होने के चलते बीज आलू के 20 हजार कट्टे खराब हो गए थे। इस रिकवरी को किसानों के ऊपर डाल दिया हैं। किसानों का कहना है कि एलपीएस की मांग पर किसानों ने इन्हें बीज आलू की आपूर्ति की थीं। उन्होंने कहा कि इस संबंध में एलपीएस प्रबंधन को सरकार से भी सहायता राशि की सिफारिश करनी चाहिए। अगर जल्द इस निर्णय पर फैसला नहीं लिया गया तो घाटी के किसान इस साल एलपीएस को भी आपूर्ति बंद कर देगा। किसानों ने स्थानीय विधायक से आग्रह किया है कि यह मामला प्रदेश मुख्यमंत्री के समक्ष उठाएं। विधायक रवि ठाकुर ने बताया कि वे इस सिलसिले में सरकार से बात करेंगे।
