
शिमला। सचिवालय प्रशासन विभाग ने एक ही सूची जारी कर 23 कर्मचारियों को तबादला आदेश थमा दिए हैं। इन आदेशों के कारण सचिवालय में शुक्रवार को हड़कंप की स्थिति रही। तबदील हुए कर्मचारियों में से कई दरअसल ये जानना चाहते थे कि तबादले किसके कहने पर हुए? इसी सवाल का जवाब जानने के लिए जहां कर्मचारियों का प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव वीसी फारका से मिला, वहीं सचिवालय के गलियारे में ही एक संगठन के पूर्व अध्यक्ष से भी कर्मचारियों की गहमागहमी हो गई। हालत ऐसे हो गए हैं कि कई पदाधिकारियों पर भी संदेह जताया जा रहा है।
अतिरिक्त सचिव सचिवालय प्रशासन अश्वनी कुमार शर्मा की ओर से जारी आदेशों के अनुसार जिन कर्मचारियों को ट्रांसफर किया गया, उनमें एसोसिएशन के पूर्व पदाधिकारी कुलतार राणा को सचिवालय से बाहर ग्रामीण विकास विभाग की कसुम्पटी शाखा में भेजा गया है। इसके अलावा बलदेव सिंह, प्रदीप कुमार, नरेंद्र भारद्वाज, राजेश कुमार, जितेंद्र कुमार, ओम प्रकाश शर्मा, प्रेम सागर, ब्रह्म दास, बख्शीश पठानिया, जयकृष्ण, संजय शर्मा, राजेश कुमार, सुरिंद्र राणा, अभिजीत घटक, नीलाक्ष शर्मा, अमिता कौल, अश्वनी ठाकुर, विजेंद्र, सुरेश कुमार, कुलदीप कुमार, सुरिंद्र मोहन और हंसा को भी बदला गया है।
इस सारे घटनाक्रम पर सचिवालय सेवाएं कर्मचारी संगठन के अध्यक्ष राजेंद्र शर्मा ने कहा कि वह पता कर रहे हैं कि किसकी सिफारिश पर ये तबादले हुए। इसके बाद ही वह कुछ कह पाएंगे। सचिवालय प्रशासन के सचिव सुभाषीश पांडा ने इसे रूटीन फेरबदल बताया।
