
देहरागोपीपुर (कांगड़ा)। रविवार शाम को भारी बारिश और तूफान ने उपमंडल देहरा में सवा घंटे तक खूब तबाही मचाई। हर तरफ जड़ से उखडे पेड़, टूटी टहनियां और टूटे बिजली के खंभे तबाही को बयां करते नजर आ रहे हैं। रविवार शाम को करीब सवा घंटे तक तूफान उपमंडल देहरा में तबाही मचाता रहा। वहीं मुबारिकपुर-नगरोटा बगवां एनएच तीन घंटे बाद खुल सका।
प्रकृति के इस रौद्र रूप को देखकर हर कोई सहम गया। इस दौरान लोग घरों में दुबक गए। पेड़ों के गिरने और टहनियों के टूटने की आवाजें लोगों को डरा रही थीं। करीब साढे़ सात बजे तक उपमंडल देहरा की सड़कों पर जहां-तहां बड़े-छोटे वाहन खड़े रहे। कई वाहन टूट रहे पेड़ों की चपेट में आते-आते बचे। पेड़ गिरने से सड़कें बंद रहीं। जबकि ढलियारा-डाडासीबा मार्ग रविवार रात को तीन घंटे तक बंद रहा। इन रास्तों को खोलने के लिए स्थानीय लोगों और दुकानदारों ने काफी हिम्मत दिखाई। कई लोग रात को करीब 11 और 12 बजे तक घर पहुंचे। दिनेश कुमार, विजय कुमार, पप्पू शर्मा, रविंद्र सिंह, गगनदीप आदि ने बताया कि किसी कार्य से धर्मशाला और कांगड़ा गए हुए थे। लेकिन वापसी पर भारी तूफान और बारिश से रास्ते बंद हो गए। वे बड़ी मुश्किल से घर पहुंचे।
प्रशासन को जायजा लेने के निर्देश
उधर, एसडीएम देहरा विनय कुमार ने कहा कि उपमंडल देहरा में भारी तूफान और बारिश से काफी नुकसान हुआ है। रक्कड़, देहरा, ज्वालामुखी, खुंडियां और जसवां के तहसीलदारों को नुकसान का आकलन करने के निर्देश दे दिए हैं। उन्होंने लोगों को आश्वासन दिया कि लोगों को हर संभव मदद मुहैया करवाई जाएगी।
घरों और पशुशालाओं पर गिरे पेड़
रक्कड़ (कांगड़ा)। तहसील रक्कड़ में तूफान के चलते कई घरों पर पेड़ गिए गए तथा कई पशुशालाओं को नुकसान पहुंचा। चौली पंचायत के जागीर सिंह के मकान पर पेड़ गिरने से मकान को काफी नुकसान पहुंचा है। इसी तरह रक्कड़ के प्रकाश चंद की पशुशाला पर पेड़ गिर गया। जबकि रक्कड़ के ही मदन लाल, सुशील कुमार और राकेश के घरों पर भी पेड़ गिरने से नुकसान हुआ है। साथ ही सीसे स्कूल रक्कड़ के एक कमरे की छत भारी तूफान के चलते उड़ गई। आसपास के कई और गांवों में नुकसान होने की सूचना है। जगह-जगह पेड़ गिरने से सोमवार दोपहर तक रक्कड़-शांतला सड़क बंद रही। सदवां से गरली सड़क सोमवार शाम तक पेड़ गिरने से बंद रही। बीडीसी उपाध्यक्ष कमलेश शर्मा ने प्रशासन से मांग की है कि अतिशीघ्र नुकसान का जायजा लेकर प्रभावितों को मुआवजा दिया जाए।
