
जवाली (कांगड़ा)। उपमंडल जवाली के अंतर्गत जेएसपी ईंट भट्ठा गूहड़ा के मालिक पर चार माह से 17 परिवारों के करीब 60 मजदूरों को बंधक बनाकर कार्य करवाने व मजदूरी न देकर उनका शोषण करने का आरोेप लगा है। साथ ही मारपीट करने के भी आरोप लगे हैं। लाल झंडा पंजाब भट्ठा लेबर यूनियन तथा सीटू के पदाधिकारियों ने इस बाबत जिलाधीश कांगड़ा को लिखित शिकायत की थी कि गूहड़ा स्थित जेएसपी ईंट भट्ठा में छत्तीसगढ़ से आई लेबर को बंधुआ बनाकर रखा गया है।
आरोप था कि उनको समय पर पगार नहीं दी जा रही है। एडीसी रोहन ठाकुर ने लिखित शिकायत मिलने के उपरांत एसडीएम जवाली मोहन दत्त शर्मा को इसकी जांच करने के निर्देश दिए हैं। यूनियन के महासचिव वामपंथी शिव कुमार, सीटू के महासचिव नत्था सिंह, कामरेड खुशी राम, सुदर्शन कुमार, स्वर्ण सिंह व अमरपाल ने बताया कि इसकी जानकारी उनको गूहड़ा भट्ठे पर काम करने वाले रिश्तेदारों से मिली, जिस पर उन्होंने हस्ताक्षर सहित लिखित शिकायत जिलाधीश कांगड़ा को सौंपी। मंगलवार को मंगलू राम, राजेश नारंग, राम कुमार, हरीश, प्रेम लाल, महिला रजनी नारंग निवासी छत्तीसगढ़ ने आरोप लगाया कि जब भट्टा मालिक से पैसा मांगा जाता है तो उनसे मारपीट की जाती है। राजेश ने कहा कि सोमवार रात्रि उसको व उसकी पत्नी को बुरी तरह से पीटा गया। नत्था राम, शिव कुमार सहित अन्य यूनियन पदाधिकारियों ने कहा कि मजदूरों का थाना में पंजीकरण भी नहीं करवाया गया है। डीएसपी जवाली धर्म चंद वर्मा का कहना है कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है तथा जिन लोगों के साथ मारपीट हुई है। उनको मेडिकल के लिए भेजा गया है।
एसडीएम जवाली मोहन दत्त शर्मा का कहना है कि उन्हें जिलाधीश से निर्देश मिले थे, जिस पर कार्रवाई करने के लिए पुलिस को निर्देश दिया गया है। एडीसी रोहन ठाकुर का कहना है कि मजदूर यूनियन व सीटू के पदाधिकारी उनके साथ मिले थे, जिस पर उन्होंने एसडीएम जवाली को जांच व कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इस बारे में भट्ठा मालिक जोगिंद्र सिंह पठानिया का कहना है कि उन पर लगे आरोप निराधार हैं। उन्हाेंने मजदूरों के साथ कोई मारपीट नहीं की है।
