
गाजियाबाद: यहां की एक स्थानीय अदालत आरुषि हेमराज हत्याकांड के सिलसिले में 16 जुलाई को दंतचिकित्सक दंपती राजेश और नूपुर तलवार के बचाव पक्ष के तीन गवाहों के बयान दर्ज करेगी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश श्याम लाल की अदालत ने बुधवार डॉ. आरके शर्मा से जिरह पूरी हो गई , जो तलवार दंपती के चौथे गवाह हैं। जिरह के आखिरी दिन एम्स के फोरेंसिक विज्ञान के पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. शर्मा से सीबीआई के वकील आरके सैनी ने करीब 35 सवाल पूछे। अभियोजन ने उनसे कुल 145 सवाल पूछे। शर्मा ने अदालत को बताया कि हेमराज की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसके अण्डकोश में किसी तरह की सूजन होने का जिक्र नहीं था।
उन्होंने बताया कि यदि किसी व्यक्ति की मौत से पहले उसके गुप्तांगों में चोट लगती है तो इससे सूजन हो सकती है। डॉ. शर्मा का बयान सीबीआई के उस सिद्धांत का विरोध करता है कि हेमराज के गुप्तांगों में सूजन होने से यह संकेत मिलता है कि उसने अपनी मौत से ठीक पहले शारीरिक संबंध बनाया था या बनाने वाला था।
राजेश तलवार ने अदालत के समक्ष अपने बयान के दौरान बचाव पक्ष के इस विचार से भी सहमति जताई थी कि शव के ज्यादा देर तक पड़े रहने से भी सूजन हुई होगी।
