मूसेवाला के हत्यारों की मदद करने वाले युवक को एसटीएफ और देहरादून पुलिस ने धार दबोचा

मूसेवाला के हत्यारों की मदद करने वाले युवक को  एसटीएफ और देहरादून पुलिस  ने धार दबोचा

देहरादून
पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला के हत्यारों के मददगार को एसटीएफ और देहरादून पुलिस ने शहर से सटे इलाके से दबोच लिया। इसके बाद उसे पंजाब पुलिस की स्पेशल टीम के हवाले कर दिया। पंजाब पुलिस उसे विस्तृत पूछताछ के लिए अपने साथ ले गई। युवक अपने साथियों के साथ हेमकुंड साहिब की यात्रा से लौट रहा था। बताया जा रहा है कि उसने हत्यारों को गाड़ी और हथियार मुहैया कराए थे। रविवार को पंजाब के मानसा जिले के एक गांव में पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। सिद्धू की हत्या की जिम्मेदारी राजस्थान की जेल में बंद कुख्यात लॉरेंस विश्नोई ने ली है। इस मामले में पंजाब पुलिस ने जांच शुरू की तो एक संदिग्ध युवक की लोकेशन उत्तराखंड के विभिन्न शहरों में पाई गई। इस बात की जानकारी उत्तराखंड पुलिस को दी गई तो एसटीएफ और दून पुलिस ने भी अपना जाल बिछा दिया।

सोमवार दोपहर उसकी लोकेशन देहरादून में हरिद्वार बाईपास रोड की आई। पुलिस ने चारों ओर बैरिकेडिंग कर संदिग्ध गाड़ियों की चेकिंग शुरू कर दी। इस बीच शिमला बाईपास पर नया गांव चौकी के पास बैरिकेडिंग पर दो संदिग्ध कारों को रोक लिया गया। इनमें छह युवक सवार थे।

पुलिस पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे हेमकुंड साहिब की यात्रा से लौट रहे हैं और पांवटा साहिब जा रहे हैं। पंजाब पुलिस के बताए हुलिए के आधार पर पुलिस ने एक युवक को चौकी में बैठा लिया।

इस बीच पंजाब पुलिस की स्पेशल टीम भी पहुंच गई। स्थानीय पुलिस के अनुसार, पंजाब पुलिस का कहना है कि इस युवक ने हत्यारों को हथियार और गाड़ी मुहैया कराई है। हालांकि, इसके पीछे असल कहानी क्या है, इसकी जानकारी के लिए पंजाब पुलिस युवक को अपने साथ ले गई है। इस पूरे ऑपरेशन में उत्तराखंड एसटीएफ, दून पुलिस और पंजाब पुलिस की संयुक्त भूमिका रही।

मुठभेड़ की आशंका से भी की थी तैयारी
इस सनसनीखेज मामले में अंदेशा था कि पुलिस से मुठभेड़ भी हो सकती है। लिहाजा स्थानीय पुलिस के साथ-साथ पंजाब पुलिस भी पूरी तैयारी के साथ आई थी। हालांकि, रोकी गई गाड़ियों से कोई संदिग्ध वस्तु या हथियार बरामद नहीं हुए हैं।

ऑपरेशन के दौरान शिमला बाईपास पर अफरातफरी का माहौल बन गया था। बड़ी संख्या में पुलिस को देखकर लोग सकते में आ गए थे। पूरे ऑपरेशन के दौरान आईबी के अधिकारी भी मौजूद रहे। गाड़ियों को जब रोका गया तो वहां जाम की स्थिति भी पैदा हो गई। स्थानीय पुलिस ने जैसे-तैसे यातायात चालू कराया।

पंजाब पुलिस की पुख्ता सूचना के आधार पर दो संदिग्ध गाड़ियों का पीछा कर शहर से सटे नया गांव में रोका गया था। एक गाड़ी से संदिग्ध को हिरासत में ले लिया गया। युवक को पंजाब पुलिस के हवाले कर दिया गया है। इस युवक का घटना से क्या संबंध है, क्या नहीं, इसके बारे में पंजाब पुलिस ही पूछताछ करेगी।
-अजय सिंह, एसएसपी, एसटीएफ उत्तराखंड

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